noam chomsky के विचार एक anarchist के विषय पर

महान विचारक noam chomsky एक anarchist के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताते हैं कि anarchist वो होते हैं जो कि राज्य को उसकी हदों में रहने पर बाध्य बनाये रहते हैं जिससे कि राज्य व्यक्ति से बड़ा न हो जाये । anarchist का अर्थ उपद्रवी नही होता है, क्योंकि उपद्रवी तो insurgent कहलाता है। anarchist का अर्थ होता है वो जो की सदैव राज्य नीति का विरोधी और आलोचक होता है। कोई भी नीत perfect कभी भी नहीं बनाई जा सकती है, सिर्फ एक best नीत ही बनाई जा सकती है -समय और हालात के माकूल। तो इसका अर्थ हुआ कि नीति कभी भी परिपक्व नही होती है, उसे निरंतर बदलते रहना आवश्यक क्रिया है dynamic equilibrium क़ायम रखने के लिए। 

 तो ऐसे में anarchists ही वो व्यक्ति होते हैं जिनके विचार सरकारों को बाध्य बनाते है कि वह निरंतर बदलते equilibrium की टोह लेती रहे और नीति में समय-आवश्यक परिवर्तन करती रहे। Chomsky स्वयं को एक anarchist के रूप में ही पहचान करते हैं और वर्तमान में विश्व के सबसे प्रभावशाली बुद्धिजीवी हैं - राजनैतिकविज्ञान -अर्थनीति-समाजशास्त्र विषयों पर ।

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